(बृजेश भारद्वाज)। शहर में किस जगह क्या मिलावट का सामान बिक रहा है उसकी पूरी व गहरी जानकारियां उपलब्ध होने के बावजूद ऐसी दुकानों पर से इनकी सहूलियत के हिसाब से सेम्पल लेकर दिखावा करने वाले अधिकारी की मनमानी अब चरम पर है। जिनको मालूम है कि कंहा मिलावट का घी बन रहा है और कंहा बिक रहा है वही कौन मिलावटी तेल व मावे का कारोबार कर रहा है। मगर विभाग व शहर के लोगो को बेवकूफ समझने वाले अधिकारी पर एक बार तो कानून का चाबुक चल चुका है मगर उसके बावजूद वह अपनी मूल धारणा से बाज़ नही आ रहे है। जिला कलेक्टर को ऐसे अधिकारी के पुराने कारनामो को ध्यान में रखकर संज्ञान लेने की महत्ती आवस्यकता है।





