देवली:-(बृजेश भारद्वाज)। साक्षरता को जन-जन तक पहुँचाने और प्रत्येक व्यक्ति को शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ने के उद्देश्य से रविवार, 4 अक्टूबर 2026 को देवली ब्लॉक में साक्षरता परीक्षा का आयोजन किया गया। परीक्षा में ब्लॉक क्षेत्र के लगभग 9 हजार लर्नर्स ने उत्साहपूर्वक भाग लेकर साक्षर बनने की दिशा में अपनी प्रतिबद्धता दिखाई। परीक्षा के दौरान विभिन्न परीक्षा केंद्रों पर लर्नर्स में खासा उत्साह देखने को मिला। उम्र की सीमाओं को पीछे छोड़ते हुए बड़ी संख्या में महिला एवं पुरुष परीक्षार्थियों ने परीक्षा में भाग लिया। यह आयोजन इस बात का संदेश देता है कि सीखने की कोई उम्र नहीं होती और साक्षरता हर व्यक्ति का अधिकार है। ब्लॉक कोऑर्डिनेटर धर्मराज नागर ने बताया कि आज के समय में प्रत्येक व्यक्ति का साक्षर होना बेहद जरूरी है। साक्षरता केवल पढ़ना-लिखना सीखने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह व्यक्ति को अपने दैनिक जीवन के निर्णय स्वयं लेने, सरकारी योजनाओं एवं सुविधाओं का लाभ उठाने, बैंकिंग एवं डिजिटल सेवाओं को समझने तथा अपने अधिकारों और कर्तव्यों के प्रति जागरूक बनने में सक्षम बनाती है। उन्होंने कहा कि “साक्षर व्यक्ति अपने जीवन को बेहतर तरीके से समझ सकता है और समाज के विकास में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। इसलिए हमारा प्रयास है कि देवली ब्लॉक का कोई भी व्यक्ति साक्षरता से वंचित न रहे।” साक्षरता परीक्षा में लर्नर्स की भागीदारी ने यह साबित किया कि देवली ब्लॉक में शिक्षा और जागरूकता के प्रति लोगों में सकारात्मक सोच लगातार बढ़ रही है। साक्षरता का यह अभियान न केवल व्यक्तियों को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है, बल्कि एक जागरूक, सक्षम और शिक्षित समाज के निर्माण की मजबूत नींव भी है। “हर व्यक्ति साक्षर—यही मजबूत समाज की पहचान” के संदेश के साथ आयोजित यह परीक्षा देवली ब्लॉक में साक्षरता अभियान की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि के रूप में सामने आई।






